यह कैसा अस्पताल? यहां मशीनें तो हैं लेकिन डॉक्टर नहीं, एंबुलेंस है लेकिन ड्राइवर नहीं

Friday, Jul 17, 2026-12:54 PM (IST)

बारामूला(रिजवान मीर): शहर-ए-खास ओल्ड टाउन बारामूला के लोगों ने अर्बन प्राइमरी हेल्थ सेंटर (UPHC) में बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाओं की भारी कमी पर चिंता व्यक्त करते हुए स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है।

स्थानीय लोगों के अनुसार यह हेल्थ सेंटर शहर-ए-खास तथा इसके आसपास के इलाकों तौहीद गंज, काजी हमाम, जामिया मोहल्ला, फकीरवानी, ख्वाजा साहब, मीर साहब, जलाल साहब, सैयद करीम, बंगला बाग, बाग-ए-इस्लाम, चिश्ती कॉलोनी, इकबाल कॉलोनी, आरामपोरा, आज़ाद गंज, इस्लामिया पार्क, स्टेडियम कॉलोनी, गुलनार पार्क और अन्य क्षेत्रों के हजारों निवासियों को स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से स्थापित किया गया था।

लोगों का कहना है कि अस्पताल प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक खुला रहता है, लेकिन कई महत्वपूर्ण सुविधाएं अभी भी प्रभावी रूप से उपलब्ध नहीं हैं। अस्पताल में एक्स-रे मशीन होने के बावजूद वह चालू नहीं है, जबकि अल्ट्रासाउंड की सुविधा भी डॉक्टर की अनुपलब्धता के कारण नियमित रूप से उपलब्ध नहीं हो पा रही है।

इसी प्रकार अस्पताल में डेंटल चेयर तो मौजूद है, लेकिन डेंटल एक्स-रे की सुविधा उपलब्ध नहीं है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि अस्पताल में एक मेडिसिन स्पेशलिस्ट (एमडी फिजिशियन) की नियुक्ति की जाए ताकि मरीजों को बेहतर चिकित्सा सेवाएं मिल सकें।

स्थानीय निवासियों ने बताया कि अस्पताल में एम्बुलेंस उपलब्ध है, लेकिन चालक (ड्राइवर) की नियुक्ति न होने के कारण आपातकालीन स्थिति में इसका लाभ नहीं मिल पाता। इसके अलावा अस्पताल में सफाई कर्मचारी (स्वीपर) की कमी के कारण स्वच्छता व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है।

लोगों का कहना है कि पहले अस्पताल में डॉक्टरों की ड्यूटी निर्धारित शेड्यूल के अनुसार होती थी, लेकिन अब इस व्यवस्था में भी बाधा आ गई है, जिससे मरीजों को समय पर उपचार प्राप्त करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

शहर-ए-खास ओल्ड टाउन के लोगों ने उपराज्यपाल प्रशासन, स्वास्थ्य सचिव, निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं कश्मीर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) बारामूला तथा संबंधित अधिकारियों से अपील की है कि UPHC में सभी बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाओं को तत्काल बहाल किया जाए, आवश्यक डॉक्टरों एवं अन्य कर्मचारियों की नियुक्ति की जाए तथा लोगों को उनके क्षेत्र में ही गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि मामूली इलाज के लिए भी उन्हें जीएमसी बारामूला का रुख न करना पड़े।

स्थानीय लोगों ने उम्मीद जताई है कि संबंधित अधिकारी इस जनहित के मुद्दे का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए शीघ्र और प्रभावी कदम उठाएंगे।

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Content Writer

Sunita sarangal

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