केंद्र के वादे पर Omar ने उठाए सवाल? लद्दाख नेताओं को दी ये खास सलाह

Wednesday, Sep 16, 2026-08:54 PM (IST)

पुलवामा  ( मीर आफताब ) :   मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बुधवार को लद्दाख और करगिल के नेताओं को सलाह दी कि वे केंद्र सरकार के ज़ुबानी आश्वासनों पर भरोसा न करें। उन्होंने उनसे कहा कि ऐसे वायदों पर यकीन करने से पहले लिखित और हस्ताक्षरित (साइन किए हुए) वादे मांगें। पुलवामा में एक समीक्षा बैठक के बाद पत्रकारों से बात करते हुए उमर ने कहा, "एक दोस्त और बड़े भाई के तौर पर, मैं लद्दाख के नेताओं को सलाह दूंगा कि वे केंद्र सरकार के किसी भी वादे पर तब तक भरोसा न करें जब तक वह उन्हें लिखित और हस्ताक्षरित रूप में न दिया जाए।"

जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा बहाल करने के केंद्र के आश्वासन का ज़िक्र करते हुए उमर ने कहा कि J&K के लोगों को भी ज़ुबानी वादा किया गया था कि चुनाव के बाद राज्य का दर्जा बहाल कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा, "हम भी जुबानी वादे का शिकार हुए थे। हमसे कहा गया था कि चुनाव के तुरंत बाद राज्य का दर्जा बहाल कर दिया जाएगा। लगभग 2 साल बीत चुके हैं, और वह वादा कहीं नज़र नहीं आता।"

मुख्यमंत्री ने लद्दाख और करगिल के नेताओं से आग्रह किया कि वे ऐसे वादों पर भरोसा करने से पहले केंद्र से लिखित आश्वासन मांगें, और बेहतर होगा कि ये आश्वासन हलफनामे (एफिडेविट) के रूप में हों।

उन्होंने कहा कि लद्दाख के मुद्दे जम्मू-कश्मीर से अलग हैं, लेकिन इस बात पर ज़ोर दिया कि आधिकारिक वादों पर भरोसा करने से पहले लिखित आश्वासन जरूरी हैं।

अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here

जम्मू-कश्मीर की खबरें Instagram पर पढ़ने के लिए हमें Join करें Click Here


 


Content Editor

Neetu Bala

सबसे ज्यादा पढ़े गए

Related News